याहू के हाल खस्ता हैं, यह बात कोई नई नहीं। याहू का बोर्ड किसी ईश्वरीय दूत की राह देख रहा है जो पैसा लगा याहू को इस दलदल से निकाल सके, चाहे उसे उसकी औकात से अधिक दाम देकर या दान देकर! दूसरी ओर याहू के मौजूदा बोर्ड, चीफ़ एक्ज़ेक्यूटिव ऑफिसर (Chief Executive Officer) जैरी यैंग (Jerry Yang) और नई-२ प्रेज़ीडेन्ट बनी सूसन डैकर (Susan Decker) आदि का जीना हराम किए हुए हैं कार्ल आईकॉन (Carl Icahn) एण्ड कंपनी जो कि मौजूदा बोर्ड को पतली गली का रास्ता दिखाने की पुरजोर कोशिश में लगे हैं।
ठीक है, यह सब बातें तो आप जानते ही हैं, यदि नहीं जानते हैं तो “गुड मॉर्निन्ग”!
तो बात यूँ है कि एक ओर इनकी वैसे वाट लगी हुई है और दूसरी ओर इनकी ईमेल सेवा के यूज़र इंटरफेस डिज़ाइनरों (User Interface Designers) ने एक नया शगूफ़ा छोड़ दिया है डॉलर उगाही के लिए।
यदि आप याहू की ईमेल सुविधा का नया वर्ज़न प्रयोग कर रहे हैं तो हो सकता है कि दाहिने ओर आने वाले विज्ञापन को दायीं ओर बंद करने पर आपको ऐसा कुछ दिखा हो:

ठीक है, ऐसा नोटिस आता है तो कोई बात नहीं है, वे आपको बता ही रहे हैं कि मुफ़्ती सेवा छोड़ के डॉलर देने पर आपको क्या सुविधाएँ मिलेंगी। इस डब्बे में एक विकल्प भी है कि यदि आप यह संदेश दोबारा नहीं देखना चाहते तो आप उसको चुन कर बटन पर क्लिक करें। अब होना यूँ चाहिए कि उस विकल्प को चुनने और बटन क्लिक के बाद यह संदेश दोबारा नहीं दिखना चाहिए। लेकिन क्या कहें याहू की ईमेल सेवा के डिज़ाईनरों को, ईश्वर उनकी दूसरी कंपनी में जल्दी नौकरी लगवाए(क्योंकि याहू तो यैंग और आईकॉन की लड़ाई के बीच मन्ने डूबता दिखे है), कि यहाँ उन्होंने प्रयोक्ताओं की नाक में दम करने का सामान कर दिया। यह डॉलर उगाही का संदेश किसी ढीठ कर्ज़दार की भांति पीछा ही नहीं छोड़ के देता; और तो और बटन क्लिक करने पर बंद हुए विज्ञापन को पुनः खोल जाता है!!
एक तो वैसे ही याहू का भाव नीचे गिर रहा है, ऊपर से यदि ऐसे प्रयोक्ताओं को भी परेशान करेंगे तो वे दल बदल करके दूसरे खेमे में चले जाएँगे, गूगल और मॉइक्रोसॉफ़्ट वैसे ही तैयार बैठे हैं। और एक बार प्रयोक्ता जाने शुरु हो गए तो उसके बाद याहू की कीमत रद्दी के भाव हो जाएगी जिसे लेने में फिर कोई कबाड़ी ही रुचि दिखाएगा!!